विश्वमूर्ति, सहस्रबाहो, ते मुकुट धारण किए, कटायुध धारण किए और वृत्तियों के साथ युक्त ते रूप को मैं देखना चाहता हूँ; उसी रूप में, ते चार भुजाओं के साथ मेरे सामने आ।
अर्जुन
👀 अर्जुन कृष्ण को उनके प्राकृतिक रूप में देखना चाहता है
अर्जुन कृष्ण के प्राकृतिक रूप को देखना चाहता है। यह हमारे भीतर की निकटता और सुरक्षा की चाहत को दर्शाता है।
- निकटता की चाहत — परिचित चीज़ों को पसंद करना विश्वास को बढ़ाता है।
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भगवद गीता की व्याख्याएँ AI द्वारा जनित हैं; उनमें त्रुटियाँ हो सकती हैं।