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ज्कुंडली.ai

श्लोक : 28 / 42

भगवान श्री कृष्ण
भगवान श्री कृष्ण
सभी हथियारों में, मैं वज्रायुध हूँ; सभी गायों में, मैं कामधेनु हूँ; प्रजनन के बीच, मैं मनमथ हूँ; सभी नागों में, मैं वासुकी हूँ।
⚔️ कृष्ण कहते हैं, तुम्हारे जीवन का वज्रायुध क्या है?
कृष्ण अपनी दिव्य शक्तियों का वर्णन करते हैं। क्या तुमने अपने जीवन की ताकत को पहचाना है?
  • 🐄 कामधेनु का स्नेह — परिवार की जरूरतों को पूरा करने का स्नेह है।
💭 तुम्हारे जीवन में कौन सी चीजें तुम्हारे लिए वज्रायुध हैं?
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भगवद गीता की व्याख्याएँ AI द्वारा जनित हैं; उनमें त्रुटियाँ हो सकती हैं।